बाल श्रम देश के लिये कलंक,बच्चो को स्वालंबी बनाने में सभी का साथ जरूरी-जितेन्द्र चतुर्वेदी

By Akhilesh Srivastava - Jun 12, 2018 11:48 AM
बाल श्रम देश के लिये कलंक,बच्चो को स्वालंबी बनाने में सभी का साथ जरूरी-जितेन्द्र चतुर्वेदी

*बाल संसद के मंत्रियों ने पुलिस व सशस्त्र सीमा बल से की मुलाकात व निकाली बाल-श्रम विरोधी रैली:* 
निलय टाइम्स 
अखिलेश श्रीवास्तव
रूपैडीहा:(बहराइच)"विश्व बाल श्रम विरोध दिवस" के अवसर पर "देहात समाज कार्य संगठन" के तत्वधान मे कैरिटास इंडिया के सहयोग से "स्वरक्षा" परियोजना के अंतर्गत गठित "बाल संसद" व "एंटी ट्रैफिकिंग एक्शन ग्रुप (आग)" के नेतृत्वकर्ता बच्चों ने सशस्त्र सीमा बल की बॉर्डर चेक पोस्ट-रुपईडीहा व आदर्श थाना-रुपईडीहा का शैक्षिक  भ्रमण किया । 
इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य बच्चों की सुरक्षा व संरक्षण में पुलिस व सशस्त्र बलों की भूमिका के प्रति ज्ञानवान बनाना एवं बच्चों के मन से सुरक्षा बलों के प्रति शंकाओं व संकोच को दूर कर आपसी मित्रता को स्थापित करना था।

भ्रमण के दौरान जिस मे सशत्र सीमा बल के असिस्टेंट कमांडेंट श्री बर्मन  ने बच्चो को भारत नेपाल सीमा पर मानव तस्करी एवं बाल श्रम हेतु विस्तार मे जानकारी दे हुए,
 SSB के मुख्य कार्य  व मानव तस्करी को रोकने में सशस्त्र सीमा बल की कार्यप्रणाली के बारे मे अवगत कराया।

दुसरी ओर थाना प्रभारी अरूण कुमार द्विवेदी ने बच्चो का बडी गर्मजोशी से स्वागत किया । श्री मिश्र व हेडकांस्टेबल आर्यन मिश्रा  ने बच्चो के भिन्न प्रशनो के उत्तर देते हुए पुलिस की जिम्मेदारी वह कार्यप्रणाली  के बारे मे विस्तार से जानकारी देते हुए बच्चों का आह्वान किया कि  बच्चों को किसी भी प्रकार के परेशानी होने पर बिना कोई संकोच के पुलिस की सहायता ले। 

थाना भ्रमण के पश्चात सभी बच्चों ने बाल श्रम के विरुद्ध रैली निकाली व बाल श्रम करवाने वाले प्रतिष्ठानों, संस्थानों व दुकानों पर जा कर बताया कि यदि वे  बाल श्रम को बंद नहीं करते है तो उनके विरुद्ध कानूनी  कारवाही हो सकती है, क्यों की बाल श्रम कानूनी अपराध है । 

 देहात समाजकार्य संगठन के कार्यक्रम समान्यक  हसन फ़िरोज़ ने बताया कि बाल श्रम , बाल तस्करी से निपटने के लिया हम सभी को एक साथ आवाज़ उठानी होगी  ।

देहात संस्था के संस्थापक वह मुख्य कार्यकारी जितेन्द्र चतुर्वेदी ने बताया कि इस प्रकार के आयोजन का मुख्य उद्देश्य बच्चों में इस प्रकार की नेतृत्व क्षमता को स्थापित करना है कि बच्चे अपने  अधिकारों के ज्ञान के साथ साथ, स्वयं अपनी व्यक्तिगत व अन्य बच्चों की सुरक्षा में सक्रिय भूमिका निभा सकें।

कार्यक्रम आयोजन में
कृष्ण कुमार  पाठक (हस्तक्षेप प्रभारी) , पवन कुमार (सहजकर्ता)  , मनोज विस्वास (बूथ स्टाफ) , गोविन्द अवस्थी  (सहजकर्ता)  ,फूलजहां खान (आग लीडर) , करिश्मा यादव (सचेव SHG) और निर्मला शाह (बूथ स्टाफ) का योगदान रहा ।